बड़ी खुशखबरी! 90% E-Attendance की शर्त खत्म | अब सबकी होगी जॉइनिंग!
यह आदेश लोक शिक्षण संचालनालय, मध्य प्रदेश (भोपाल) द्वारा 24 जुलाई 2026 को जारी किया गया है। इसका विषय शैक्षणिक सत्र 2026-27 में अतिथि शिक्षकों (Guest Teachers) की री-जॉइनिंग (Re-joining) और e-Attendance (ई-अटेंडेंस) के नियमों में दी गई छूट से संबंधित है।
आइए इस पत्र के एक-एक बिंदु का विस्तार से विश्लेषण करते हैं:
1. मुख्य विषय एवं पृष्ठभूमि (Context)
पूर्व नियम (संदर्भ पत्र): 30 जून 2026 को जारी पत्र के अनुसार, अतिथि शिक्षकों की री-जॉइनिंग केवल portal पर उनकी e-Attendance (ई-अटेंडेंस) के रिकॉर्ड के आधार पर होनी थी।
शर्त क्या थी? शैक्षणिक सत्र 2026-27 में री-जॉइनिंग के लिए कम से कम 90% ई-अटेंडेंस अनिवार्य की गई थी।
2. नया निर्णय और दी गई छूट (Main Relaxation)
अतिथि शिक्षकों की ओर से प्राप्त आवेदनों और व्यावहारिक समस्याओं को ध्यान में रखते हुए विभाग ने सहानुभूतिपूर्वक विचार करके राहत दी है:
90% ई-अटेंडेंस की अनिवार्यता में छूट (शिथिलता): सत्र 2026-27 के लिए 90% ई-अटेंडेंस की शर्त को हटा दिया/शिथिल कर दिया गया है।
वचन पत्र (Undertaking): जिन अतिथि शिक्षकों की री-जॉइनिंग होगी, उनसे जॉइनिंग के समय एक वचन पत्र (घोषणा पत्र) लिया जाएगा कि वे इस चालू सत्र में अनिवार्य रूप से ई-अटेंडेंस लगाएंगे।
भविष्य के लिए चेतावनी: 1. इस राहत/छूट को भविष्य के लिए उदाहरण (precedent) नहीं माना जाएगा।
2. आगामी शैक्षणिक सत्रों में री-जॉइनिंग पूरी तरह से ई-अटेंडेंस के आधार पर ही होगी और आगे कोई छूट नहीं दी जाएगी।
3. आपका मुख्य प्रश्न: "क्या केवल आवेदन देने वालों को छूट मिली है या सभी को?"
उत्तर: यह छूट सभी पात्र अतिथि शिक्षकों के लिए लागू है, केवल आवेदन जमा करने वालों के लिए नहीं।
इसके कारण:
सार्वजनिक नीति (General Rule): आदेश की भाषा में स्पष्ट लिखा है— "शैक्षणिक सत्र 2026-27 हेतु 90% ई-अटेंडेंस की अनिवार्यता को री जॉइनिंग में शिथिलता प्रदान की जाती है।" यह पूरे नियम/शर्त में ढील है, न कि व्यक्तिगत आधार पर।
आदेश का प्रारूप: यह पत्र मध्य प्रदेश के समस्त संभागीय संयुक्त संचालक, समस्त जिला शिक्षा अधिकारी (DEO), समस्त विकासखण्ड शिक्षा अधिकारी (BEO) और समस्त संकुल प्राचार्यों को भेजा गया है। यदि यह केवल व्यक्तिगत आवेदकों के लिए होता, तो इसमें विशिष्ट सूची होती।
व्यावहारिक अर्थ: "अतिथि शिक्षकों से प्राप्त आवेदन एवं समस्याओं को देखते हुए..." वाक्य का अर्थ है कि अतिथि शिक्षक संघों/शिक्षकों द्वारा दिए गए ज्ञापनों/आवेदनों पर संज्ञान लेते हुए विभाग ने नीतिगत (Policy Level) बदलाव किया है।
संक्षेप में निष्कर्ष (Summary)
री-जॉइनिंग का रास्ता साफ: यदि 90% ई-अटेंडेंस न होने के कारण री-जॉइनिंग रुकी हुई थी, तो अब वह बाधा हट गई है।
क्या करना होगा? री-जॉइन करते समय एक वचन पत्र (Undertaking) भरकर देना होगा कि इस सत्र में नियमित ई-अटेंडेंस लगाएंगे।
किसे फायदा होगा? उन सभी अतिथि शिक्षकों को फायदा होगा जिनकी री-जॉइनिंग e-Attendance में 90% से कम उपस्थिति होने के कारण अटकी हुई थी।


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